नेश निदर्शन प्राचलों का भू-आकारिकी द्वारा निर्धारण

Submitted by Hindi on Thu, 01/05/2012 - 16:09
Source
राष्ट्रीय जलविज्ञान संस्थान
दो प्राचल नेश निदर्शन अक्सर उपयोग में आने वाला एक तात्कालिक एकक जलालेख है। इस निदर्शन के प्रयोग के लिए इसके प्राचलों का निर्धारण आवश्यक होता है जिन्हें अक्सर पूर्व में मापे गए वर्षा-बहाव के आंकड़ों से ज्ञात किया जाता है। परन्तु जब आंकड़ें पर्याप्त मात्रा में उपलब्ध नहीं होते तब इन प्राचलों को जलग्रहण क्षेत्र के माप सकने वाले भू-आकारिकी स्थिरांकों से संबंधित करके निकाला जा सकता है। इस अध्ययन में कोलार जलग्रहण क्षेत्र के नेश निदर्शन प्राचलों को भू-आकारिकी स्थिरांकों द्वारा ज्ञात किया गया है। ज्ञात किए गए प्राचलों की उपयोगिता का सत्यापन पूर्व में आंकलित आंकड़ों के संश्लेषण द्वारा किया गया है। अध्ययन से पता चलता है कि इस विधि द्वारा प्राप्त प्राचलों का इस जलग्रहण क्षेत्र के वर्षा-बहाव विश्लेषण में प्रयोग किया जा सकता है।

इस रिसर्च पेपर को पूरा पढ़ने के लिए अटैचमेंट देखें



Disqus Comment